Edited By Pooja Gill, Updated: 14 Apr, 2026 03:04 PM

उत्तराखंड: उत्तराखंड में एक बार फिर बड़ा प्रशासनिक फेरबदल हुआ है। यहां पर शासन ने आईएफएस अधिकारियों के दायित्वों में बदलाव किया है। प्रमुख वन संरक्षक एसपी...
उत्तराखंड: उत्तराखंड में एक बार फिर बड़ा प्रशासनिक फेरबदल हुआ है। यहां पर शासन ने आईएफएस अधिकारियों के दायित्वों में बदलाव किया है। प्रमुख वन संरक्षक एसपी सुबुद्धि को अब वन पंचायत की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उनके साथ-साथ 10 अन्य अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारी दी गई है।
इन अधिकारियों का हुआ तबादला
जानकारी के मुताबिक, पीसीसीएफ कपिल लाल को कैंपा का सीईओ बनाया गया है। इसके साथ ही उन्हें नियोजन और वित्तीय प्रबंधन का अतिरिक्त प्रभार भी दिया गया है। अपर प्रमुख वन संरक्षक विवेक पांडे को परियोजना और सामुदायिक वानिकी के साथ सीसीएफ इंटेलिजेंस का अतिरिक्त जिम्मा मिला है।
इसी तरह एपीसीसीएफ नरेश कुमार को मुख्य वन संरक्षक (प्रशासन) का अतिरिक्त चार्ज दिया गया है। वहीं, प्रतीक्षारत अपर प्रमुख वन संरक्षक सुरेंद्र मेहरा को वन अनुसंधान प्रबंधन, प्रशिक्षण, सतर्कता और विधि प्रकोष्ठ की जिम्मेदारी दी गई है। अपर प्रमुख वन संरक्षक मीनाक्षी जोशी को वन संरक्षण का नोडल अधिकारी बनाया गया है।
इन अफसरों को भी मिली नई जिम्मेदारी
सीसीएफ सुशांत पटनायक को वन संरक्षण, वनाग्नि और आपदा प्रबंधन की जिम्मेदारी सौंपी गई है। सीसीएफ प्रसन्न पात्रो को मानव संसाधन विकास और कार्मिक प्रबंधन का दायित्व मिला है। वहीं, वन संरक्षक पंकज कुमार को दक्षिण वृत्त, नीतिश मणि त्रिपाठी को पश्चिमी वृत्त और विनय भार्गव को वन अनुसंधान का जिम्मा दिया गया है। आकाश वर्मा को नंदा देवी बायोस्फीयर का निदेशक बनाया गया है, जबकि प्रतीक्षारत नीतू लक्ष्मी को यमुना वृत्त का वन संरक्षक नियुक्त किया गया है।