Edited By Ramanjot, Updated: 03 Aug, 2026 02:42 PM

घटनास्थल तथा आसपास के क्षेत्र का गहन निरीक्षण किया जा रहा है। पदचिह्नों और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि हमला किस वन्यजीव ने किया।
अल्मोड़ा: उत्तराखंड के अल्मोड़ा वन प्रभाग के मोहान रेंज में सोमवार को वन्यजीव के हमले में लगभग 21 वर्षीय एक महिला की मौत हो गई। घटना के बाद वन विभाग ने क्षेत्र में निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी है। प्रभागीय वनाधिकारी (DFO) दीपक सिंह ने बताया कि सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मोहन रेंज के डभरा सौराल तोक घोड़ीधार क्षेत्र से सुरक्षा कर्मियों ने शव बरामद कर लिया।
घटनास्थल तथा आसपास के क्षेत्र का गहन निरीक्षण किया जा रहा है। पदचिह्नों और अन्य उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि हमला किस वन्यजीव ने किया। डीएफओ ने बताया कि घटना के बाद क्विक रिस्पॉन्स टीम (QRT) को सक्रिय कर संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त बढ़ा दी गई है। ग्रामीणों से सुबह-शाम अकेले जंगल या झाड़ीदार क्षेत्रों में न जाने, महिलाओं और बच्चों को समूह में आवागमन करने तथा पशुओं को सुरक्षित स्थानों पर बांधने की अपील की गई है।
साथ ही वन्यजीव की गतिविधियों पर नजर रखने के लिए ट्रैप कैमरे लगाए जा रहे हैं और रात्रिकालीन निगरानी भी बढ़ा दी गई है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में वन विभाग द्वारा 9 किलोमीटर सोलर फेंसिंग का कार्य प्रगति पर है। इसके अलावा जिला प्रशासन पीएमजीएसवाई के माध्यम से आसपास के संवेदनशील क्षेत्रों में भी फेंसिंग का कार्य शुरू कर चुका है। प्रभावित गांवों में जनजागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं तथा त्वरित सूचना आदान-प्रदान के लिए पूर्व से गठित व्हाट्सएप समूह सक्रिय रूप से संचालित किए जा रहे हैं।
डीएफओ के अनुसार, कॉर्बेट तथा पश्चिमी वृत्त से दो पशु चिकित्सकों को मौके पर तैनात किया गया है। क्षेत्राधिकारी, उप प्रभागीय वनाधिकारी, क्यूआरटी टीम और अन्य अधिकारी लगातार क्षेत्र में मौजूद रहकर स्थिति की निगरानी कर रहे हैं तथा ग्रामीणों से वन्यजीव की गतिविधियों की नियमित जानकारी ले रहे हैं। वन विभाग ने मृतका के परिजनों को देय 10 लाख रुपए की अनुग्रह सहायता के भुगतान की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। विभाग का कहना है कि मानव-वन्यजीव संघर्ष की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सभी आवश्यक एहतियाती और अनुवर्ती कार्रवाई प्राथमिकता के आधार पर की जा रही है।