Edited By Vandana Khosla, Updated: 20 Jan, 2026 09:04 AM

टिहरीः उत्तराखंड की धार्मिक आस्था और सनातन परंपरा का प्रतीक माने जाने वाले श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खोलने का निर्णय बसंत पंचमी के पावन अवसर पर 23 जनवरी को लिया जाएगा। कपाट खुलने की तिथि का निर्धारण नरेंद्रनगर स्थित ऐतिहासिक टिहरी राज दरबार में...
टिहरीः उत्तराखंड की धार्मिक आस्था और सनातन परंपरा का प्रतीक माने जाने वाले श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खोलने का निर्णय बसंत पंचमी के पावन अवसर पर 23 जनवरी को लिया जाएगा। कपाट खुलने की तिथि का निर्धारण नरेंद्रनगर स्थित ऐतिहासिक टिहरी राज दरबार में पारंपरिक विधि-विधान के साथ किया जाएगा।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, कपाट खुलने की तिथि तय करने के लिए आयोजित होने वाला यह महत्वपूर्ण कार्यक्रम पूर्वाह्न 10:30 बजे से प्रारंभ होगा। कार्यक्रम में टिहरी राजपरिवार के प्रतिनिधि, बदरीनाथ-केदारनाथ मंदिर समिति के पदाधिकारी, राजपुरोहित, धर्माचार्य एवं पंचांग गणना करने वाले विद्वान शामिल होंगे। वैदिक मंत्रोच्चार और पंचांग के आधार पर शुभ तिथि और समय की घोषणा की जाएगी। श्री बदरीनाथ धाम के कपाट खुलने की तिथि तय होते ही चारधाम यात्रा 2026 की औपचारिक शुरुआत मानी जाती है। इसके साथ ही प्रशासन, मंदिर समिति और पर्यटन विभाग की तैयारियां भी तेज हो जाती हैं।
हर वर्ष लाखों श्रद्धालु देश-विदेश से भगवान बद्रीविशाल के दर्शन के लिए बदरीनाथ धाम पहुंचते हैं, ऐसे में कपाट खुलने की तिथि को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह रहता है। गौरतलब है कि परंपरा के अनुसार बदरीनाथ धाम के कपाट शीतकाल में बंद रहते हैं और बसंत पंचमी पर शुभ मुहूर्त तय कर ग्रीष्मकालीन यात्रा का मार्ग प्रशस्त किया जाता है। यह आयोजन न केवल धार्मिक द्दष्टि से बल्कि सांस्कृतिक और पर्यटन की दृष्टि से महत्वपूर्ण है।